Why does the governments take the court orders under teeth ipso facto obvious?

जनसुनवाई
समन्वित शिकायत निवारण प्रणाली, उत्तर प्रदेश
सन्दर्भ संख्या:-40019919029515

APPLICANT DETAILS :

Name : Harishchand
Father Name : Chhedi Lal 
Gender : MALE
Mobile-1 : 7054703028
Mobile-2 : 7054703028
Email : myogimpsingh@gmail.com
Address : Village – Adampur (211139) Village Panchayat – AADAMPUR Block –
CHHANVEY Tehsil – Sadar District – Mirzapur

GRIEVANCE AREA DETAILS :

Area : Rural
Grievance Address : —-

APPLICATION DETAILS :

Application Detail : आवेदन का विवरण शिकायत संख्या 40019919023533
आवेदक कर्ता का नाम Harishchand आवेदक कर्ता का मोबाइल न० 7054703028 श्री मान
जी इस शिकायत निस्तारण हो गया किन्तु प्रार्थी द्वारा जब फीडबैक देने का प्रयास
किया गया तो स्क्रीन पर मैसेज डिस्प्ले हुआ की फीडबैक निस्तारण के बाद दे सकते
है
| मूल प्रकरण से भ्रमित करके कब तक खड़ंजा की बात करके उच्चाधिकारियों को भर्मित करने का प्रयास करते रहेंगे | कोई चकरोड कब्ज़ा करके बैठा है तो कोई तालाब का भीटा कब्ज़ा करके बैठा है तो रोड कहा से बनेगा | लेखपाल हलफनामा दे की रोड की जमीन खाली है | श्री मान जी माननीय उच्चतम न्यायालय के आदेश के क्रम में उत्तर प्रदेश सरकार का आदेश दिनांक २३०३२०११ क्या सम्बंधित अधिकारियों द्वारा कूड़े की टोकरी में दाल दिया गया | In compliance of the aforesaid judgements of Honble Apex Court
in the cases of Jagpal Singh and others supra and Hinch Lal Tiwari and others
supra, the State Government issued Government Order on 23.03.2011 issuing
directions to all the Divisional Commissioners, all the District Magistrates
and Commissioner and Secretary, Board of Revenue, U.P. Lucknow to the effect
that the provisions contained in Section 122B of U.P.Z.A L.R Act provides
adequate provision for the protection of such propertiesland vested in gaon
sabha or in a local authority and that appropriate proceedings be initiated
to take action under Section 122B 1 of the said Act on a report submitted by
the gaon sabha or by the local authority concerned. The said Government Order
dated 23.03.2011 further provides that appropriate authority is empowered to
initiate the proceedings for eviction under Section 122B 2 of the Act by
taking suomotu cognizance of the matters. The Government Order further issued
various directions for removal of the encroachment from the chakroads, drains
or from other public utility land in case any complaint in that regard is
received. The Government Order further directs the authorities concerned to
dispose of such matters or such complaints relating to unauthorized
occupation within a month and thereafter to take help of the police
administration to remove the illegal encroachment.
Relief Type : Complaint
Address To Officer : तहसीलदार
Department Name : राजस्व एवं आपदा विभाग
Category Name : सार्वजनिक भूमि जैसे तालाब, खलिहान, शमशान, खेल का मैदान, आरक्षित भूमि आदि पर कब्ज़ा/ अतिक्रमण
Attachment : Yes

आवेदन का विवरण
शिकायत संख्या
40019919029515
आवेदक कर्ता का नाम:
Harishchand
आवेदक कर्ता का मोबाइल न०:
7054703028,7054703028
विषय:
आवेदन का विवरण शिकायत संख्या 40019919023533
आवेदक कर्ता का नाम Harishchand आवेदक कर्ता का मोबाइल न० 7054703028 श्री मान
जी इस शिकायत निस्तारण हो गया किन्तु प्रार्थी द्वारा जब फीडबैक देने का प्रयास
किया गया तो स्क्रीन पर मैसेज डिस्प्ले हुआ की फीडबैक निस्तारण के बाद दे सकते
है
| मूल प्रकरण से भ्रमित करके कब तक खड़ंजा की बात करके उच्चाधिकारियों को भर्मित करने का प्रयास करते रहेंगे | कोई चकरोड कब्ज़ा करके बैठा है तो कोई तालाब का भीटा कब्ज़ा करके बैठा है तो रोड कहा से बनेगा | लेखपाल हलफनामा दे की रोड की जमीन खाली है | श्री मान जी माननीय उच्चतम न्यायालय के आदेश के क्रम में उत्तर प्रदेश सरकार का आदेश दिनांक २३०३२०११ क्या सम्बंधित अधिकारियों द्वारा कूड़े की टोकरी में दाल दिया गया | In compliance of the aforesaid judgements of Honble Apex Court
in the cases of Jagpal Singh and others supra and Hinch Lal Tiwari and others
supra, the State Government issued Government Order on 23.03.2011 issuing
directions to all the Divisional Commissioners, all the District Magistrates
and Commissioner and Secretary, Board of Revenue, U.P. Lucknow to the effect
that the provisions contained in Section 122B of U.P.Z.A L.R Act provides
adequate provision for the protection of such propertiesland vested in gaon
sabha or in a local authority and that appropriate proceedings be initiated
to take action under Section 122B 1 of the said Act on a report submitted by
the gaon sabha or by the local authority concerned. The said Government Order
dated 23.03.2011 further provides that appropriate authority is empowered to
initiate the proceedings for eviction under Section 122B 2 of the Act by
taking suomotu cognizance of the matters. The Government Order further issued
various directions for removal of the encroachment from the chakroads, drains
or from other public utility land in case any complaint in that regard is
received. The Government Order further directs the authorities concerned to
dispose of such matters or such complaints relating to unauthorized
occupation within a month and thereafter to take help of the police
administration to remove the illegal encroachment.
नियत तिथि:
15 – Sep
– 2019
शिकायत की स्थिति:
लम्बित
रिमाइंडर :
फीडबैक :
फीडबैक की स्थिति:

आवेदन का संलग्नक

अग्रसारित विवरण

क्र..
सन्दर्भ का प्रकार
आदेश देने वाले अधिकारी
आदेश दिनांक
अधिकारी को प्रेषित
आदेश
आख्या दिनांक
आख्या
स्थिति
आख्या रिपोर्ट
1
अंतरित
ऑनलाइन सन्दर्भ
16 – Aug
– 2019
तहसीलदार सदर,जनपदमिर्ज़ापुर,राजस्व एवं आपदा विभाग
अनमार्क

आवेदन का विवरण
शिकायत संख्या
40019919023533
आवेदक कर्ता का नाम:
Harishchand
आवेदक कर्ता का मोबाइल न०:
7054703028,7054703028
विषय:
श्री मान जी चार महीने से भी ज्यादा हो गए और खंड विकास अधिकारी को यह तक नहीं मालुम है की ऐसा कोई खड़ंजा बिछने वाला वाला है आदमपुर ग्राम पंचायत में अर्थात तहसीलदार सदर द्वारा आयुक्त विंध्याचल महोदय को मात्र गुमराह किया गया है | श्री मान जी चुप रहना या इंकार करना एक ही बात है और प्रार्थी दुसरे वर्षात को बीतने का इन्तजार नहीं कर सकता है इसलिए प्राथमिकता के तौर पर प्रत्यावेदन का निस्तारण किया जाय जो न्याय हित में होगा | आवेदन का विवरण​ शिकायत संख्या40019919009019​
आवेदक कर्ता का नाम:हरिश्चंद​ आवेदक कर्ता का मोबाइल न०:7054703028,7054703028
विषय:श्री मान जी जिन आख्या को आधार बना कर पिछले वर्ष से तहसीलदार सदर मामले का निस्तारण करा रहे है और मंडलायुक्त ने इस बात को स्वीकार किया है उसकी पुष्टि खंड विकास अधिकारी से अच्छा कोई नही कर सकता है क्यों की वह उन्ही कार्य क्षेत्र है | इसलिए खंड विकास अधिकारी की आख्या समीचीन है | इसलिए प्रकरण उन्ही के समक्ष प्रस्तुत किया जाय | श्री मान जी संसार के सब से बड़े लोकतंत्र में गरीबो मजलूमों को कोई न्याय नही मिलता है ऐसा क्यों | यदि न्याय संभव है तो मामले की उच्च स्तरीय टीम से जांच कराई जाय और जिम्मेदारी तय हो | श्री मान जी मंडलायुक्त द्वारा दिनाक 20/11/2018 को प्राप्त आख्या अनुमोदित कर दी गयी है जो की खुद ही बिधि सम्मत नही है श्री मान जी ग्राम सभा का प्रस्ताव ग्राम सभा की खुली बैठक में पास होता है | श्री मान जी दिनांक १६/०८/२०१८ का नोट जिसको आधार बना कर शिकायत का निस्तारण कराया गया है वह फर्जी है | उसका कोई बैधानिक आधार नही है | उसके सहारे तहसीलदार सदर सिर्फ वरिष्ठ अधिकारियों को गुमराह भ्रमित कर रहे है | यह महज जालसाजी के सिवा कुछ भी नही है | क्या संलग्न नोट पर ग्राम पंचायत सदस्यों का हस्ताक्षर है और क्या प्रधान का हस्ताक्षर फर्जी नही है ? श्री मान जी सभी जानते है की उपरोक्त तिथि को ग्राम पंचायत की कोई खुली बैठक हुई ही नही तो प्रस्ताव किसने बना दिया | श्री मान जी यदि ऐसा कोई प्रस्ताव होता तो अब तक मिटटी फेक कर खडंजा बिछ चुका होता | श्री मान जी इस समय वर्षात नही है और कडाके की ठंढ है फिर काम क्यों नही लगवा देते है | श्री मान जी जब ग्राम प्रधान ने ऐसा कोई प्रस्ताव पास नही किया है वो क्यों २५ फीट खडंजा रोड तैयार करेंगे | सेवा मेंराष्ट्रपति, प्रधान मंत्री, मुख्य मंत्री उत्तर प्रदेश , प्रधान न्यायाधीश भारत, अध्यक्ष राज्य मानवाधिकार आयोग उत्तर प्रदेश जिलाधिकारी मिर्ज़ापुर, पुलिस कप्तान मिर्ज़ापुर विषयदर्जनों पत्रों के बाद भी तहसीलदार सदर ने मनगढ़ंत और झूठा जवाब लगा कर सिर्फ वरिष्ठ अधिकारिओं को गुमराह किया है | महोदय, श्री मान जी प्रार्थी दलित वर्ग से है चारो तरफ से दबंगों ने दबा रखा है | सोचिये रास्ता तक कब्ज़ा कर लिए है | सरकारी तालाब को पाट लिए है और तहसीलदार सदर को कुछ भी नही दिखाई पड़ता है | घर के चारो तरफ पानी लगा है बड़े तो किसी तरह निकल पाते है किन्तु बच्चे विद्यालय तक नही जा रहे है |पिछले १८ महीने से प्रार्थी संघर्ष कर रहा है न्याय पाने हेतु लेकिन हर कोई इस गरीब का सुन नही रहा है ऐसा प्रतीत होता है आज भी हम गुलाम है इस अभिजात्य वर्ग के शासन में |मै किसी जात पात की बात नही कर रहा हू सिर्फ गरीब की बात कर रहा हू जिसे सिर्फ प्रताणित किया जाता है और कभी न्याय नही मिलता है | माननीय उच्चतम न्यायालय से जो पारिस्थितिकी बात करता है हमे बताये की आदम पुर का तालाब क्यों तहसीलदार सदर ने कब्ज़ा करा दीया है| श्री मान जी आप लोग अपने एयर कंडिशन्ड कमरे से कभी बाहर भी निकलेगे या वही से हम गरीबो के प्रताड़ना का तमाशा देखते रहेगे | क्या गुलामी में इससे भी ज्यादा कष्ट था | मेरी उम्र ७० साल है गुलामी तो देखी नही किन्तु ऐसा प्रतीत होता है गुलामी की प्रताड़ना इससे ज्यादा बीभत्स नही होगा | नियत तिथि:04 – Mar – 2019​
शिकायत की स्थिति:लम्बित
नियत तिथि:
18 – Jul
– 2019
शिकायत की स्थिति:
निस्तारित
रिमाइंडर :
प्राप्त अनुस्मारक
क्र..
अनुस्मारक
प्राप्त दिनांक
1
शिकायत संख्या-40019919009019 आवेदक कर्ता का नामहरिश्चंद नियत तिथि-04 – Mar – 2019
शिकायत की स्थितिलम्बित शिकायत संख्या-40019919023533 आवेदक कर्ता का नाम-Harishchand नियत तिथि-18 – Jul – 2019 शिकायत की स्थितिलम्बित महोदय आप एक तरफ तो सुशासन की बात करते है और दूसरी तरफ खंड विकास अधिकारी छानवे और तहसीलदार सदर जैसे लोग आप द्वारा तय मानकों की धज्जिया उड़ा रहे है | श्री मान जी सोनभद्र की ह्रदय विदारक घटना से भी शायद ही आपने कुछ सीखा हो किन्तु सच तो सच ही होता है | श्री मान जी एक भी पल बिना कार्य के बैठना चोरी है किन्तु यहां तो भारी भरकम रकम तनख्वाह के रूप में हजम करने के उपरांत भी कुछ नहीं करना चाहते जो की कार्यशैली से स्पस्ट है | ऐसे ऐसे लेखपाल है जिन्होंने पूरी जिंदगी गृह जनपद में ही गुजार दी और उनका कार्य भी वे खुद नहीं देखते है और सरकार में इतनी अच्छे पकड़ की सब से ऊंची पोस्ट के नीचे करते है | सोचिये खंड विकास अधिकारी को मामले को चार मार्च २०१९ के भीतर निपटा देना चाहिए था किन्तु क्या हो रहा है सभी अच्छे ढंग से जानते है और तहसीलदार सदर तो सारी मर्यादाओं को तार तार कर चुके है मंडलायुक्त विंध्याचल को तो कई बार भर्मित कर चुके अपंने भ्रामक रिपोर्टो से | जिसका साक्षी खुद मुख्य मंत्री कार्यालय है | क्यों कि जनसुनवाई पोर्टल का निगरानी उन्ही के कर्तव्यनिष्ठ और ईमानदार अफसर किया करते है | मध्यकालीन इतिहास को चारण युग के नाम से जाना जाता है क्योकि चारण और भाट राजा की झूठी प्रशंसा के पूल बाधा करते थे और मुर्ख राजा उनको सुन कर खुश हुआ करता था लगता है वही युग फिर रहा है |
22 Jul
2019
फीडबैक :
फीडबैक की स्थिति:

आवेदन का संलग्नक

अग्रसारित विवरण

क्र..
सन्दर्भ का प्रकार
आदेश देने वाले अधिकारी
आदेश दिनांक
अधिकारी को प्रेषित
आदेश
आख्या दिनांक
आख्या
स्थिति
आख्या रिपोर्ट
1
अंतरित
ऑनलाइन सन्दर्भ
18 – Jun
– 2019
तहसीलदार सदर,जनपदमिर्ज़ापुर,राजस्व एवं आपदा विभाग
28/07/2019
आख्‍या अपलोड। प्रकरण खडंजा बिछवाने का है, जो विकास विभाग द्वारा बनवाया जाता है। ग्राम प्रधान द्वारा कहा गया कि ब्‍लाक से पास करवाकर निर्माण करवा दिया जायेगा।
निस्तारित

3 comments on Why does the governments take the court orders under teeth ipso facto obvious?

  1. Application Detail : आवेदन का विवरण शिकायत संख्या 40019919023533 आवेदक कर्ता का नाम Harishchand आवेदक कर्ता का मोबाइल न० 7054703028 श्री मान जी इस शिकायत निस्तारण हो गया किन्तु प्रार्थी द्वारा जब फीडबैक देने का प्रयास किया गया तो स्क्रीन पर मैसेज डिस्प्ले हुआ की फीडबैक निस्तारण के बाद दे सकते है | मूल प्रकरण से भ्रमित करके कब तक खड़ंजा की बात करके उच्चाधिकारियों को भर्मित करने का प्रयास करते रहेंगे | कोई चकरोड कब्ज़ा करके बैठा है तो कोई तालाब का भीटा कब्ज़ा करके बैठा है तो रोड कहा से बनेगा | लेखपाल हलफनामा दे की रोड की जमीन खाली है

  2. The said Government Order dated 23.03.2011 further provides that appropriate authority is empowered to initiate the proceedings for eviction under Section 122B 2 of the Act by taking suomotu cognizance of the matters. The Government Order further issued various directions for removal of the encroachment from the chakroads, drains or from other public utility land in case any complaint in that regard is received. The Government Order further directs the authorities concerned to dispose of such matters or such complaints relating to unauthorized occupation within a month and thereafter to take help of the police administration to remove the illegal encroachment.
    नियत तिथि: 15 – Sep – 2019 शिकायत की स्थिति: लम्बित
    रिमाइंडर : फीडबैक : फीडबैक की स्थिति: आवेदन का संलग्नक संलग्नक देखें अग्रसारित विवरण-
    क्र.स. सन्दर्भ का प्रकार आदेश देने वाले अधिकारी आदेश दिनांक अधिकारी को प्रेषित आदेश आख्या दिनांक आख्या स्थिति आख्या रिपोर्ट
    1 अंतरित ऑनलाइन सन्दर्भ 16 – Aug – 2019 तहसीलदार -सदर,जनपद-मिर्ज़ापुर,राजस्व एवं आपदा विभाग — कार्यालय स्तर पर लंबित

  3. Whether it is not ridiculous that sometimes tahsildar Sadar says that redressal of the grievance will take place after the rainy season because brisk Road cannot be constructed during this season and when the rainy season is over he has forgotten his promise and now he is saying that there is cop and when it will be cut then he will measure the encroached lands and then encroachment will be removed in the public interest on the road will be constructed and the road blocked will be removed by them. But the sexual position is totally different he is only procrastinating and the matter and passing the time so that complainant may be so harassed that he may leave the matter and they don't want to or he doesn't want to do the justice with the aggrieved complainant.

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