Whether Modi would like to collect election fund as being done by Arvind Kejrival with transparency.


पारदर्शी तरीका Transparent
way to collect fund from countrymen.
असल में दूसरी पार्टियों को भी धन जुटाने का यही तरीका आजमाना
चाहिए
. यदि ऐसा किया गया तो कोई भी राजनीतिक दलों पर
इस बात के लिए उंगली नहीं उठाएगा कि उन्होंने पैसे कहां से लाए
.” All parties in India must pursue the same path but here
leaders for only election rhetoric become tea seller in order to gain the
sympathy of electorates. Otherwise election strategies are discussed with the
chief executive officers of industries.
वी बालाकृष्णनः आप सदस्य
इस डिनर पार्टी का आइडिया आप सदस्य और इंफोसिस के
बोर्ड सदस्य रहे वी बालाकृष्णन का है
. उन्होंने इस खास डिनर पार्टी के लिए 250 लोगों को आमंत्रित करने का लक्ष्य रखा है. हालांकि अब तक 220 लोगों ने
इसके लिए अपना नाम दर्ज किया है
. They set up the target
of 250 people in order to invite them for dinner and already 220 have
registered their name. This is most transparent and accountable way to collect
the donation from the countrymen in order to contest elections. Thus in one
dinner party donation Rs. 250*20000=5000000 will be collected from the
countrymen.
केजरीवाल के साथ डिनर में शामिल होने के लिए हर किसी
को
20 हजार रुपए चुकाने होंगे. केजरीवाल मेहमानों से बातचीत करेंगे और उनके
सवालों के जवाब देंगे
. Here Arvind Kejrival will
interact with each participant and discuss the matters concerned with public
interest. We expect that this process will prove most democratic and leaders
will come closure with the electorates which will ensure the safeguard of
democratic values.
आप शुभचिंतकोंके मुख्य आयोजक और बंगलौर के जाने माने अस्पताल
में बाल चिकित्सा सर्जन डॉ
. राधाकृष्णन
ने बीबीसी को बताया
, “डिनर में
शामिल होने के लिए अब तक
220 लोगों
की ओर से आवेदन आ चुका है
. हम
पार्टी में
270 से ज्यादा लोगों को
आमंत्रित नहीं करेंगे
. क्योंकि इसके
लिए काफी बड़े होटल की जरूरत होगी
.’’ More crowed will
not be feasible to manage. At least each must be given opportunity to be heard.
बालाकृष्णन ने कहा, “हम पारदर्शी तरीके से पैसा जुटाने की कोशिश कर रहे हैं.’’

2 comments on Whether Modi would like to collect election fund as being done by Arvind Kejrival with transparency.

  1. पारदर्शी तरीका

    "असल में दूसरी पार्टियों को भी धन जुटाने का यही तरीका आजमाना चाहिए. यदि ऐसा किया गया तो कोई भी राजनीतिक दलों पर इस बात के लिए उंगली नहीं उठाएगा कि उन्होंने पैसे कहां से लाए."
    वी बालाकृष्णनः आप सदस्य

    इस डिनर पार्टी का आइडिया आप सदस्य और इंफोसिस के बोर्ड सदस्य रहे वी बालाकृष्णन का है. उन्होंने इस खास डिनर पार्टी के लिए 250 लोगों को आमंत्रित करने का लक्ष्य रखा है. हालांकि अब तक 220 लोगों ने इसके लिए अपना नाम दर्ज किया है.

    केजरीवाल के साथ डिनर में शामिल होने के लिए हर किसी को 20 हजार रुपए चुकाने होंगे. केजरीवाल मेहमानों से बातचीत करेंगे और उनके सवालों के जवाब देंगे.

    'आप शुभचिंतकों' के मुख्य आयोजक और बंगलौर के जाने माने अस्पताल में बाल चिकित्सा सर्जन डॉ. राधाकृष्णन ने बीबीसी को बताया, “डिनर में शामिल होने के लिए अब तक 220 लोगों की ओर से आवेदन आ चुका है. हम पार्टी में 270 से ज्यादा लोगों को आमंत्रित नहीं करेंगे. क्योंकि इसके लिए काफी बड़े होटल की जरूरत होगी.’’

    बालाकृष्णन ने कहा, “हम पारदर्शी तरीके से पैसा जुटाने की कोशिश कर रहे हैं.’’

  2. Undoubtedly this is most transparent and accountable way to collect party fund which can't be misused as being done by other parties in India. Whether B.J.P. will follow this holy path. When industrialists are providing enormous wealth ,then why senior leaders saffron brigade may collect the gathering of vegetable venders and other like people. But still they are too much aggrieved with the countrymen that why they are not understanding the actual truth that they are honest because they take donation from business men behind the screen. and not from vegetable vendors.

Leave a Reply

%d bloggers like this: