Rishabh Dubey is seeking enquiry due to corruption public functionaries are closing pleas by illogical reports

संदर्भ संख्या : 40019919034308
,
दिनांक – 05 Nov 2019 तक की स्थिति
आवेदनकर्ता का विवरण : शिकायत संख्या:–40019919034308
आवेदक का नामYogi
M P Singh
विषयAccording
to C.D.O. Priyanka Niranjan, the affidavit will not be accepted as it must be
on on the stamp of Rs.100 not on Rs.10 but when later on District Magistrate
reaches on the scene with his escorts, then she herself promptly accepted the
application of the applicant as the applicant preferred to submit the
application to District Magistrate but she preferred to keep it under its own
supervision but it is unfortunate that she did not take any action in the
matter. Whether such dealings are not cryptic? Rishabh Dubey, Content: Rishab
Dubey resident of village panchayat Lalganj, Tahsil Lalganj district Mirzapur
made the repeated complaints in regard to the irregularities in the cleanliness
drive mission of the Prime Minister respected Narendra Modi Sir but no action
is being taken by the concerned staff of the government especially D. M.
Mirzapur, C. D .O. Mirzapur and D.P.R.O. Mirzapur even when the complaint was
submitted along with the affidavit by Mr Rishabh Dubey. Whether it is not a
reflection of the rampant corruption in our government machinery and it is not
acting under the clutches of the corrupt system that is a syndicate of corrupt
people. Everyone knows that under Panchayati Raj Act, a district level officer
is appointed, nominated, designated by the district magistrate in order to make
enquiry on the allegations of the complainant but here district Panchayati Raj
officer Mirzapur made the mockery of the law of land by sending the application
to the Block Development Officer Lalganj against whom charges were levelled.
Sir, affidavit of the Rishabh Dubey attached with complaint so I will be really
pleased if Honourable Sir will take the perusal of the affidavit of the Rishabh
Dubey submitted on 3rd September 2019 Tehsil Divas organised by the district
administration Mirzapur in order of compliance of the direction of the
Government of Uttar Pradesh in the Lalganj Tehsil of the district Mirzapur.
Whether district Panchayat Raj officer Mirzapur does not know the district
level officer is appointed under the Panchayati Raj act complaint is made by
the complainant but instead of following this provision he arbitrarily
forwarded the matter to the Block Development Officer Lalganj who itself is
indulged in the deep-rooted corruption complaint has been made against him.
Whether it is not against the principle of natural justice as being done by the
district Panchayati Raj Officer Mirzapur that a person against whom allegations
have been made was made enquiry officer in the matter without approval of D.M.
MZP?
विभाग
पंचायती राज विभाग शिकायत श्रेणी नियोजित तारीख14-10-2019
शिकायत की स्थितिस्तर विकास खण्ड स्तर
पद सहायक विकास अधिकारीbप्राप्त रिमाइंडर
प्राप्त फीडबैक दिनांक05-11-2019 को फीडबैक:-कहने के लिए सभी नेता और अधिकारी मनगढ़ंत कहानिया बना कर अपने इमानदारी का बखान करते है किन्तु उनकी इमानदारी उतनी ही झूठी है जितनी उनकी झूठी कहानिया | सोचिये इनकी इमानदारी प्रत्यावेदन में जांच की मांग की गई है प्रार्थी द्वरा नियमानुसार हलफनामा भी प्रस्तुत किया गया है किन्तु किसके पास समय है शिकायत के विन्दुओं का परिशीलन करने का जो भी मूड में आया लिख कर मामले का निस्तारण करा लिए | श्री मान जी रिषभ दुबे द्वारा पंचायती राज अधिनियम के अनुसार जांच की माग किया है और नियमानुसार जिलाधिकारी महोदय द्वारा एक जिलास्तरीय अधिकारी नामित करके मामले का नियमानुसार जांच करवाना चाहिए और दोषी पाए जाने पर प्रधान और सचिव के विरुद्ध पंचायती राज अधिनियम के तहत कार्यवाही करना चाहिए किन्तु सभी उस भ्रस्ताचार से परिचित है भेद खुलने के डर से भाग रहे है और इसी के तहत साजिशन उटपटांग जवाब दे रहा है जिसका मामले से कुछ भी लेना देना नही अभी पिछले वर्ष जिला पंचायत अधिकारी मिर्ज़ापुर ने स्वच्छता अभियान का एक करोंड़ रुपये डंप कर रखा था जो की जिलाधिकारी महोदय के आकस्मिक पत्रावलियों के निरीक्षण के दौरान पता चला फिर आपस में मान मनौवल करके मामले को दबवा दिया गया जिसको स्थानीय प्रिंट और इलेक्ट्रॉनिक मीडिया ने प्रमुखता से स्थान दिया था | प्रकरण में प्रार्थी रिषभ दुबे द्वारा जांच की माग किया जा रहा है और जिला पंचायत राज अधिकारी मिर्ज़ापुर और मुख्य विकाश अधिकारी प्रकरण को दबाने में लगे है |
फीडबैक की स्थिति
फीडबैक प्राप्त संलग्नक देखें
नोट– अंतिम कॉलम में वर्णित सन्दर्भ की स्थिति कॉलम-5 में अंकित अधिकारी के स्तर पर हुयी कार्यवाही दर्शाता है!
अधीनस्थ द्वारा प्राप्त आख्या :
क्र..
सन्दर्भ का प्रकार
आदेश देने वाले अधिकारी
आदेश/
आपत्ति दिनांक
आदेश/
आपत्ति
आख्या देने वाले अधिकारी
आख्या दिनांक
आख्या
स्थिति
संलग
नक
1
अंतरित
ऑनलाइन
सन्दर्भ
07-10-2019
सहायक विकास 
अधिकारी लालगंज
,जनपदमिर्ज़ापुर
,पंचायती राज विभाग
21-10-2019
sachiv dwara likhit rup se avagat karaya gaya hai ki shikayat
karata apatra hai or sampann adami hai
निस्तारित

3 comments on Rishabh Dubey is seeking enquiry due to corruption public functionaries are closing pleas by illogical reports

  1. कहने के लिए सभी नेता और अधिकारी मनगढ़ंत कहानिया बना कर अपने इमानदारी का बखान करते है किन्तु उनकी इमानदारी उतनी ही झूठी है जितनी उनकी झूठी कहानिया | सोचिये इनकी इमानदारी प्रत्यावेदन में जांच की मांग की गई है प्रार्थी द्वरा नियमानुसार हलफनामा भी प्रस्तुत किया गया है किन्तु किसके पास समय है शिकायत के विन्दुओं का परिशीलन करने का जो भी मूड में आया लिख कर मामले का निस्तारण करा लिए | श्री मान जी रिषभ दुबे द्वारा पंचायती राज अधिनियम के अनुसार जांच की माग किया है और नियमानुसार जिलाधिकारी महोदय द्वारा एक जिलास्तरीय अधिकारी नामित करके मामले का नियमानुसार जांच करवाना चाहिए और दोषी पाए जाने पर प्रधान और सचिव के विरुद्ध पंचायती राज अधिनियम के तहत कार्यवाही करना चाहिए किन्तु सभी उस भ्रस्ताचार से परिचित है भेद खुलने के डर से भाग रहे है

  2. In one month they did not take any action in the matter represents the lawlessness and anarchy in the government machinery.
    प्राप्त फीडबैक –
    दिनांक05-11-2019 को फीडबैक:-कहने के लिए सभी नेता और अधिकारी मनगढ़ंत कहानिया बना कर अपने इमानदारी का बखान करते है किन्तु उनकी इमानदारी उतनी ही झूठी है जितनी उनकी झूठी कहानिया | सोचिये इनकी इमानदारी प्रत्यावेदन में जांच की मांग की गई है प्रार्थी द्वरा नियमानुसार हलफनामा भी प्रस्तुत किया गया है किन्तु किसके पास समय है शिकायत के विन्दुओं का परिशीलन करने का जो भी मूड में आया लिख कर मामले का निस्तारण करा लिए | श्री मान जी रिषभ दुबे द्वारा पंचायती राज अधिनियम के अनुसार जांच की माग किया है और नियमानुसार जिलाधिकारी महोदय द्वारा एक जिलास्तरीय अधिकारी नामित करके मामले का नियमानुसार जांच करवाना चाहिए और दोषी पाए जाने पर प्रधान और सचिव के विरुद्ध पंचायती राज अधिनियम के तहत कार्यवाही करना चाहिए किन्तु सभी उस भ्रस्ताचार से परिचित है भेद खुलने के डर से भाग रहे है और इसी के तहत साजिशन उटपटांग जवाब दे रहा है जिसका मामले से कुछ भी लेना देना नही अभी पिछले वर्ष जिला पंचायत अधिकारी मिर्ज़ापुर ने स्वच्छता अभियान का एक करोंड़ रुपये डंप कर रखा था जो की जिलाधिकारी महोदय के आकस्मिक पत्रावलियों के निरीक्षण के दौरान पता चला फिर आपस में मान मनौवल करके मामले को दबवा दिया गया जिसको स्थानीय प्रिंट और इलेक्ट्रॉनिक मीडिया ने प्रमुखता से स्थान दिया था | प्रकरण में प्रार्थी रिषभ दुबे द्वारा जांच की माग किया जा रहा है और जिला पंचायत राज अधिकारी मिर्ज़ापुर और मुख्य विकाश अधिकारी प्रकरण को दबाने में लगे है |
    फीडबैक की स्थिति –
    फीडबैक प्राप्त

  3. Matter is concerned with the deep rooted corruption and Rishabh Dubey wants enquiry in the matter but senior rank officers of the district Mirzapur are creating hurdle in the path of enquiry.C.D.O. Mirzapur is posted in the district for more than three years and such posting is against the rule.

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