Almost one year taken to increase two units, even after two months of inclusion no ration provided

    संदर्भ संख्या : 40019919028800
    ,
    दिनांक – 11 Nov 2019 तक की स्थिति
    आवेदनकर्ता का विवरण : शिकायत संख्या:–40019919028800
    आवेदक का नामYogi
    M P Singh
    विषयआवेदन का विवरण शिकायत संख्या-40019919024704 आवेदक कर्ता का नाम:-Yogi M P Singh इस प्रकरण में जिला पुर्ति अधिकारी द्वारा जो प्रार्थी का हलफनामा प्रस्तुत किया गया है वह पूर्ण रूप
    से जालसाजी है क्यों की वह हलफनामा प्रार्थी का नहीं है बल्कि कूट रचना करके तैयार किया गया
    है | ऐसा करके जिलापूर्ति अधिकारी द्वारा महज
    वरिष्ठ अधिकारियों को गुमराह किया गया
    है | सोचिये ऐसे अधिकारी की क्या विश्वसनीयता है जो उस व्यक्ति का जाली हलफनामा लगा
    सकता है जिसे वह दूर
    तक नहीं जानता है | जिलापूर्ति अधिकारी मिर्ज़ापुर द्वारा प्रस्तुत हलफनामे का आदि से अंत
    तक प्रार्थी से कोई
    सरोकार नहीं है क्यों उनका कोई
    स्टाफ आज तक हमसे मिला ही नहीं |
    D.S.O. Mirzapur submitted forged documents before the senior rank officers so
    he must be subjected to scrutiny under sections 465,466,467,468,469 and 471 of
    I.P.C.​ ​Section 465 in The Indian Penal Code-Whoever commits forgery shall be
    punished with imprisonment of either description for a term which may extend
    to two years, or with fine, or with both.​ ​Section 466 in The Indian Penal
    Code 466. Forgery of record of Court or of public register, etc.IPC 467:
    Section 467 of the Indian Penal Code​ ​Forgery of valuable security, will,
    etc.​ ​IPC 468: Section 468 of the Indian Penal Code​ ​Forgery for purpose of
    cheating​. ​Section 469 in The Indian Penal Code 469. Forgery for purpose of
    harming reputation.Section 471 in The Indian Penal Code 471. Using as genuine
    a forged document or electronic record.
    दिनांक 25/07/2019को फीडबैक:- श्री मान जी प्रार्थी को चल भाष संख्या ९७९३४६२४७१ से फोन किया गया तो प्रार्थी द्वारा उपलब्ध डिटेल से अवगत कराया गया
    किन्तु जब इक्षा शक्ति हो तब तो कार्य हो इसलिए समस्त डिटेल वेबसाइट पर हो जिससे बार
    बार बहाना कर सके | आज तो चार
    बार फोन
    किये रिंग गया पिक
    अप नहीं किये क्यों की अपने आप को जनता का नौकर समझते ही नहीं |यदि नौकर अपने आप को भूल बस मालिक समझेगा तो क्या परिणाम अनुकूल होगा | कार्ड धारक का लड़कादीनानाथ/DINANATH का आधार संख्या – 649444035029,
    कार्ड धारक का नातीसत्यम भारतीया का आधार संख्या – 785295102316 का नाम राशन कार्ड में सूची बद्ध करना है | पात्रता सूची का पू्र्ण विवरण 1.- डिजिटाइज्ड राशन कार्ड संख्या-219940354159, 2.-कार्ड का प्रकारपात्र गृहस्थी, 3.-दुकानदार का नामपंचू पासी, 4.-दुकान संख्या– 20690314 5.-धारक का नामश्रीमती इंद्रावाती/INDRAAVAATI, 6.- धारक के पिता/पति का नामश्री हरीश/Mr. HARISH, 7.-धारक की माता का नामश्रीमती सुगिया/SUGIYA, 8.-सदस्यों की कुल संख्या 4-सदस्यों का पू्र्ण विवरण क्रम संख्या, सदस्य का नाम, लिंग धारक से सम्बन्धपिता का नाम 1-.इंद्रावाती/INDRAAVAATI, महिला, स्वयं, जोखई लाल/JOKHAI LAAL 2.-हरीश/HARISH. पुरूष, सौहर / पति राम वली/RAM VALI 3.-गुंजन/GUNJAN, महिला, बहु, दीनानाथ/DINANATH 4.-अंजलि/ANJALI महिला बेटी हरीश/HARISH
    विभाग खाद्य एवं रसद
    विभाग शिकायत श्रेणी नियोजित तारीख07-09-2019
    शिकायत की स्थितिस्तर जनपद स्तर पद जिला पूर्ति अधिकारी
    प्राप्त रिमाइंडरप्राप्त फीडबैक दिनांक11-11-2019 को फीडबैक:-श्री मान
    जी एक वर्ष से भी ज्यादा लग गए सिर्फ यूनिट बढ़ाने में और दो महीने हो गये और राशन नही जारी किया गया
    अर्थात यूनिट बढ़ाने के बाद फिर वर्ष भर संघर्ष करना होगा यूनिट बढाने वास्ते क्योकि जिस तरह
    से ताल
    मटोल हो रहा है उससे तो यही
    मतलब निकलता है क्यों की व्यथित कोटेदार से दो बार संपर्क कर चुका है और कोटेदार का वही
    जवाब बार
    बार जब गल्ला देने के लिए मेरे मशीन पर चढ़ेगा तभी हम गल्ला देंगे अन्यथा अपना यूनिट बढ़ा के टहलते रहो | श्री मान जी जिस
    दो यूनिट को बढाने की बात
    कर रहे
    है उस पर यदि राशन मिलेगा ही नही तो यूनिट बढ़ाना महज
    छलावा है इसप्रकार छलावा व्यवस्था पर प्रतिबन्ध लगना चाहिए जो सरकारी व्यवस्था की गरिमा को गिरा रहे है और भ्रष्ट अधिकारियों और कर्मचारिओं की जेबे भर रहे
    है | श्री मान जी अभी
    तक प्रार्थी यही जानता है की किसी भी ब्यथा या शिकायत का निस्तारण शिकायत में
    प्रस्तुत निवेदनो के अनुसार किया जाता है किन्तु यहा तो स्थित पूर्ण रूपेण भिन्न है | श्री मान जी शिकायत में वर्णित धाराओं के अंतर्गत जिस कर्मचारी ने प्रार्थी का झूठा हलफनामा प्रस्तुत किया उसके विरुद्ध कार्यवाही क्यों नही
    किया गया
    | महत्वपूर्ण है की यदि जिला पूर्ति अधिकारी गलत
    कर्मचारी को प्रोटेक्ट कर रहे
    है उनके भी विरुद्ध भी कार्यवाही किया जाय
    |
    फीडबैक की स्थिति
    फीडबैक
    प्राप्त
    संलग्नक देखें
    नोट अंतिम कॉलम में वर्णित सन्दर्भ की स्थिति कॉलम-5 में अंकित अधिकारी के स्तर पर हुयी कार्यवाही दर्शाता है!
    अधीनस्थ द्वारा प्राप्त आख्या :
    क्र..
    सन्दर्भ का प्रकार
    आदेश देने वाले अधिकारी
    आदेश/
    आपत्ति दिनांक
    आदेश/
    आपत्ति
    आख्या देने वाले अधिकारी
    आख्या दिनांक
    आख्या
    स्थिति
    संलगनक
    1
    अंतरित
    ऑनलाइन
    सन्दर्भ
    08-08-2019
    जिला पूर्ति 
    अधिकारी
    मिर्ज़ापुर,खाद्य एवं रसद विभाग
    16-09-2019
    उक्त
    प्रकरण की जॉच पूर्ति निरीक्षक द्वारा करायी गयी पूर्ति निरीक्षक की आख्या अनुसार ग्रामपंचायत आदमपुर विकासखण्ड छानबे के हरिशचन्द द्वारा राशन कार्ड में दो यूनिट जोड़वाने सम्बन्धी शिकायत की गयी है। उक्त सम्बन्ध में अवगत कराना है कि शिकायतकर्ता से सम्पर्क किया गया तथा अभिलेख प्राप्त कर राशन कार्ड में वांछित यूनिट को जोड़ दिया गया है। सुलभ सन्दर्भ हेतु राशन कार्ड की छायाप्रति संलग्न है। आख्या आवश्यक कार्यवाही हेतु सादर सेवा में प्रेषित है।
    निस्तारित

3 comments on Almost one year taken to increase two units, even after two months of inclusion no ration provided

  1. श्री मान जी अभी तक प्रार्थी यही जानता है की किसी भी ब्यथा या शिकायत का निस्तारण शिकायत में प्रस्तुत निवेदनो के अनुसार किया जाता है किन्तु यहा तो स्थित पूर्ण रूपेण भिन्न है | श्री मान जी शिकायत में वर्णित धाराओं के अंतर्गत जिस कर्मचारी ने प्रार्थी का झूठा हलफनामा प्रस्तुत किया उसके विरुद्ध कार्यवाही क्यों नही किया गया | महत्वपूर्ण है की यदि जिला पूर्ति अधिकारी गलत कर्मचारी को प्रोटेक्ट कर रहे है उनके भी विरुद्ध भी कार्यवाही किया जाय |

  2. How D.M.Mirzapur can accept when wrongdoer staff is still running scot free?
    प्राप्त रिमाइंडर-
    प्राप्त फीडबैक –
    दिनांक11-11-2019 को फीडबैक:-श्री मान जी एक वर्ष से भी ज्यादा लग गए सिर्फ यूनिट बढ़ाने में और दो महीने हो गये और राशन नही जारी किया गया अर्थात यूनिट बढ़ाने के बाद फिर वर्ष भर संघर्ष करना होगा यूनिट बढाने वास्ते क्योकि जिस तरह से ताल मटोल हो रहा है उससे तो यही मतलब निकलता है क्यों की व्यथित कोटेदार से दो बार संपर्क कर चुका है और कोटेदार का वही जवाब बार बार जब गल्ला देने के लिए मेरे मशीन पर चढ़ेगा तभी हम गल्ला देंगे अन्यथा अपना यूनिट बढ़ा के टहलते रहो | श्री मान जी जिस दो यूनिट को बढाने की बात कर रहे है उस पर यदि राशन मिलेगा ही नही तो यूनिट बढ़ाना महज छलावा है इसप्रकार छलावा व्यवस्था पर प्रतिबन्ध लगना चाहिए जो सरकारी व्यवस्था की गरिमा को गिरा रहे है और भ्रष्ट अधिकारियों और कर्मचारिओं की जेबे भर रहे है | श्री मान जी अभी तक प्रार्थी यही जानता है की किसी भी ब्यथा या शिकायत का निस्तारण शिकायत में प्रस्तुत निवेदनो के अनुसार किया जाता है किन्तु यहा तो स्थित पूर्ण रूपेण भिन्न है | श्री मान जी शिकायत में वर्णित धाराओं के अंतर्गत जिस कर्मचारी ने प्रार्थी का झूठा हलफनामा प्रस्तुत किया उसके विरुद्ध कार्यवाही क्यों नही किया गया | महत्वपूर्ण है की यदि जिला पूर्ति अधिकारी गलत कर्मचारी को प्रोटेक्ट कर रहे है उनके भी विरुद्ध भी कार्यवाही किया जाय |
    फीडबैक की स्थिति –
    जिलाधिकारी द्वारा दिनाक12-11-2019 को फीडबैक पर कार्यवाही अनुमोदित कर दी गयी है

  3. Whether it is not forgery in the eye of public functionaries that their junior staff submitted the forged affidavit of Shree Yogi M. P. Singh without being informed about the fact of the case. Yogi M. P. Singh is not the resident of Adampur Village panchayat.

Leave a Reply

%d bloggers like this: